शादी के छठवें दिन दुल्हन आभूषण और नकदी लेकर फरार, पुलिस ने गम्भीरता नहीं दिखाई, कोर्ट के आदेश पर मुकदमा दर्ज

आगरा, 17 अगस्त। शहर में एक बार फिर दुल्हन के लुटेरी निकलने का मामला सामने आया है। शादी के मात्र छठवें दिन ही दुल्हन घर में रखे सोने-चांदी के जेवरात और नकदी समेटकर भाग निकली। निराशाजनक पहलू यह रहा कि मामले में पुलिस ने गम्भीरता नहीं दिखाई और पीड़िता को न्यायालय की शरण लेनी पड़ी। अब न्यायालय के आदेश पर पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर विवेचना शुरू कर दी है।
मीडिया रिपोर्ट के अनुसार, यह मामला थाना सिकंदरा के अंतर्गत आवास विकास कॉलोनी का है। कालोनी की रामजी की बगीची में करीब 50 वर्षीय विधवा गुड्डी देवी पत्नी स्वर्गीय लाखन सिंह कुशवाह रहती हैं। उनके बड़े बेटे विष्णु के विवाह के लिए शमशाबाद निवासी जवाहर सिंह ने प्रयागराज की प्रीति नामक युवती का रिश्ता सुझाया था।
लड़की को गरीब और अनाथ बताकर शादी का पूरा खर्च गुड्डी देवी पर डाल दिया गया। इसी साल 27 जून को बिचौलिया जवाहर सिंह, कथित भाई डॉ. धारा सिंह और एक अन्य व्यक्ति युवती प्रीति को लेकर गुड्डी देवी के घर पहुंचे। विवाह की रस्मों से ठीक पहले शादी के सामान के नाम पर डेढ़ लाख रुपये की मांग की गई। पीड़ित परिवार ने मजबूरन एक लाख रुपये नकद और 50 हजार पांच सौ रुपये ऑनलाइन ट्रांसफर किए। 
27 जून को ही घर पर शादी संपन्न हुई। इसके बाद बिचौलिए चले गए। मात्र छह दिन बाद तीन जुलाई की तड़के 4:30 बजे जब गुड्डी देवी सोकर उठीं, तो बहू प्रीति घर से गायब थी। छानबीन करने पर पता चला कि वह घर में रखे करीब चार लाख रुपये से अधिक के सोने-चांदी के आभूषण और नकदी ले गई है।
पीड़िता का आरोप है कि बिचौलिए जवाहर सिंह ने पहले तो दुल्हन को वापस लाने का झांसा देकर टहलाया, लेकिन बाद में मुकर गया। इस पर गुड्डी देवी ने पुलिस की शरण ली, लेकिन पुलिस में भी सुनवाई नहीं हुई। थकहार कर पीड़िता ने सीजेएम की अदालत में प्रार्थना दिया। अदालत के आदेश पर थाना सिकंदरा पुलिस ने मुकदमा दर्ज किया। अब पूरे मामले की विवेचना की जा रही है।
________________________________________


ख़बर शेयर करें :

Post a Comment

0 Comments